हैंड पाइप मरम्मत से लेकर साफ सफाई पर लाखों खर्च के बावजूद नहीं सुधर रही गांवों की व्यवस्था प्रधान और सचिव हो रहे मालामाल

लेखराम मौर्य

लखनऊ । केंद्र सरकार से लेकर उत्तर प्रदेश सरकार तक सभी भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की बात करते रहते हैं लेकिन जिस तरह से पंचायत में हैंड पाइप मरम्मत, स्ट्रीट लाइट मरम्मत और साफ सफाई के नाम पर सरकारी धन की लूट चल रही है उससे तो ऐसा प्रतीत होता है कि सचिव और प्रधान जितना पैसा मरम्मत के नाम पर निकाल रहे हैं उतना कम गांव में नहीं दिखाई पड़ रहा है इससे ऐसा लगता है कि प्रधान और सचिव का ध्यान गांव के विकास पर कम और अपने-अपने विकास पर अधिक रहता है क्योंकि कई पंचायत में अभिलेखों को देखने से पता चलता है कि जिस तरह से सरकारी धन का खर्च दिखाया जा रहा है उस औसत में विकास नहीं हो रहा है और अनेक गांवों के लोग विकास को लेकर प्रधान की कड़ी आलोचना करते मिल जाते हैं ।

इसी क्रम में ग्राम पंचायत मोहम्मद नगर रहमत नगर में जहां साफ सफाई के नाम पर 2021-22 और 22- 23 को मिलाकर साफ सफाई के नाम पर 320904 रुपए खर्च कर दिए गए लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि कई जगह नालियां उसी तरह बजा रही हैं। इसी गांव में स्ट्रीट लाइट मरम्मत के नाम पर वित्तीय वर्ष 22-23 में 185162 रुपए खर्च कर दिए गए जबकि जो स्ट्रीट लाइट लगाई जाती हैं वह स्टैंडर्ड कंपनी की होनी चाहिए जिनकी 2 वर्ष की गारंटी होती है परंतु यहां कमीशन खोरी के चक्कर में घटिया कंपनियों की सस्ती लाइट लगा दी जाती हैं जिससे वह साल भर भी नहीं चलती हैं और मरम्मत के नाम पर पैसा निकाला जाने लगता है। हैंड पाइप मरम्मत के नाम पर भी लाखों रुपए निकाले गए हैं जिसकी शिकायत गांव के एक व्यक्ति ने तहसील दिवस में की थी।

बेकरी की दुकान करने वाले भाई के नाम प्रधान ने निकाले हजारों रुपए

मलिहाबाद विकासखंड की दूसरी ग्राम पंचायत कटौली के प्रधान ने अपने भाई के नाम मजदूरी का फर्जी भुगतान कराया है क्योंकि वह बेकरी की दुकान चलाता है उसके नाम एक ही दिन में 32000 का भुगतान किया गया है जो दो जगह की मजदूरी का भुगतान दिखाया गया है यहां खास बात यह है कि इसके अलावा भी कई जगह अजीत कुमार पुत्र दुलारे के नाम भुगतान किया गया है तथा 5 दिसंबर 24 को राहुल के नाम ठेलिया मरम्मत और न्यूजपेपर भुगतान के नाम पर 8500 तथा ठेलिया मरम्मत और न्यूजपेपर भुगतान के नाम इसी दिन दूसरा भुगतान गंगा ट्रेडर्स को किया गया जबकि ना अखबार राजेश बनता है और ना ही गंगा ट्रेडर्स के पास इस तरह का कोई कार्य है इसके साथ ही गंगा ट्रेडर्स के पास कहीं कोई दुकान नहीं है यह केवल प्रधानों के नाम चेक काट कर कमीशन लेने का काम करता है और गंगा ट्रेडर्स के नाम कसमंडी में ही जो दूसरी दुकान है वह इस तरह से बिल पर प्रधानों को प्रधानों को सामग्री नहीं बेचता है। यह जानकारी गंगा ट्रेडर्स के प्रोपराइटर पन्नालाल ने दी।

इस ग्राम पंचायत में राहुल नाम के व्यक्ति के नाम भी लाखों रुपए का भुगतान मजदूरी तथा हैंड पाइप मरम्मत सामग्री आदि के नाम पर किया गया है। इस व्यक्ति के नाम 14 अक्टूबर 24 को ही 30000 और 16500 का भुगतान किया गया है। यह भुगतान तो मात्र बानगी है इसके अलावा लाखों रुपए का भुगतान किया जा चुका है कुछ जगह का भुगतान किस काम के लिए किया गया है यह भी ऑनलाइन अभिलेखों में नहीं दर्शाया गया है। इस तरह हर जगह सरकारी धन की लूट मची हुई है। अब देखना है कि हर बार की तरह अधिकारी इस तरह के मामलों को कितनी गंभीरता से लेते हैं और क्या कार्रवाई होती है।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया TRUTH WATCH INDIA के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...

Related posts